देहरादून। महिला स्पोर्ट्स कॉलेज लोहाघाट में प्रवेश लेने की इच्छुक प्रतिभाशाली छात्राओं को अब एक और अवसर मिलेगा। खेल मंत्री रेखा आर्या ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जो मेधावी छात्राएं जानकारी के अभाव में आवेदन नहीं कर सकी हैं, उन्हें स्पॉट ट्रायल के जरिए एडमिशन का मौका दिया जाए।
सचिवालय स्थित एफआरडीसी सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक के बाद खेल मंत्री ने बताया कि अब तक कॉलेज में प्रवेश के लिए 1000 से अधिक आवेदन प्राप्त हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश की प्रतिभाओं को किसी भी हाल में अवसर से वंचित नहीं किया जाएगा।

कॉलेज के लिए 16 पद सृजित, जल्द होगी नियुक्ति
खेल मंत्री ने बताया कि महिला स्पोर्ट्स कॉलेज लोहाघाट के संचालन के लिए 16 पद सृजित कर दिए गए हैं। इन पदों पर जल्द नियुक्तियां की जाएंगी ताकि 1 जुलाई से कॉलेज का पहला शैक्षणिक सत्र सुचारु रूप से शुरू किया जा सके।
हल्द्वानी खेल विश्वविद्यालय की कक्षाएं भी इसी सत्र से होंगी शुरू
बैठक में अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि हल्द्वानी में बनने वाले खेल विश्वविद्यालय की सभी तैयारियां समय रहते पूरी कर ली जाएं। सरकार का लक्ष्य इसी शैक्षणिक सत्र से वहां कक्षाएं शुरू करने का है।
राष्ट्रीय खेलों के पदक विजेताओं को जल्द मिलेगी नौकरी
38वें राष्ट्रीय खेलों में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को आउट ऑफ टर्न नौकरी देने की प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश भी बैठक में दिए गए। खेल मंत्री ने कहा कि इसी वर्ष इसकी विज्ञप्ति जारी की जाएगी और प्रक्रिया को तेज करने के लिए मुख्यमंत्री से बैठक का समय मांगा गया है।
खिलाड़ियों के लिए बेहतर प्रशिक्षण और सुविधाओं पर जोर
आगामी राष्ट्रीय खेलों की तैयारी को लेकर सरकार ने खिलाड़ियों के चयन, प्रशिक्षण शिविर, बेहतर डाइट, आवास और यात्रा सुविधाओं को मजबूत करने के निर्देश दिए हैं। उत्तराखंड की खेल प्रदर्शन क्षमता बढ़ाने के लिए अतिरिक्त बजट की मांग भी की गई है।
स्पोर्ट्स हॉस्टल बनेंगे खेल नर्सरी
प्रदेश के स्पोर्ट्स हॉस्टलों को खेल नर्सरी के रूप में विकसित करने की योजना पर भी काम शुरू हो गया है। खेल मंत्री ने बताया कि इसका पायलट प्रोजेक्ट इसी वर्ष शुरू किया जाएगा।
उत्तराखंड में लागू होगी ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन स्पोर्ट’ नीति

बैठक के बाद खेल मंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निर्देशों के अनुरूप उत्तराखंड में ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन स्पोर्ट’ नीति तय कर दी गई है। इसके तहत राज्य के सभी 13 जिलों के लिए एक-एक खेल का चयन किया गया है, ताकि स्थानीय स्तर पर खेल प्रतिभाओं को बढ़ावा मिल सके।











