बेहतर होता मंत्री जी किसी सामान्य कार्यकर्ता को प्रतिनिधि बनाते: दुर्गेश्वर
देहरादून: पुरोला विधानसभा से पूर्व विधायक मालचंद को कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी द्वारा प्रतिनिधि बनाए जाने पर सियासत तेज हो गई है। मौजूदा विधायक दुर्गेश्वर लाल ने इस फैसले पर कटाक्ष किया है।
विधायक दुर्गेश्वर लाल ने कहा कि अच्छा होता अगर किसी सामान्य और मेहनती कार्यकर्ता को प्रतिनिधि बनाया जाता। उन्होंने सवाल उठाया कि दो बार के पूर्व विधायक को प्रतिनिधि बनाना समझ से परे है।
पूर्व विधायक को चपरासी बना दिया
दुर्गेश्वर लाल ने कहा कि एक पूर्व विधायक की अपनी गरिमा होती है, चाहे वह वर्तमान में पद पर हो या नहीं। उन्होंने इसे पूर्व विधायक का अपमान बताया और यहां तक कहा कि एक पूर्व विधायक को चपरासी बना दिया गया है। उन्होंने यह भी कहा कि हो सकता है मंत्री जी से यह कोई भूल हो गई हो।

बीजेपी कार्यकर्ताओं में भी नाराजगी
स्थानीय बीजेपी कार्यकर्ताओं का कहना है कि वे वर्षों से पार्टी के लिए काम कर रहे हैं, झंडे-डंडे उठाए हैं, अच्छा होता कि किसी सामान्य कार्यकर्ता को प्रतिनिधि बनाया जाता। जबकि मालचंद पहले ही दो बार विधायक रह चुके हैं।
कार्यकर्ताओं ने यह भी बताया कि मालचंद की बहू निशिता वर्तमान में ब्लॉक प्रमुख हैं और उनका मामला कोर्ट में विचाराधीन है। इसके बावजूद उन्हें प्रतिनिधि बनाया जाना सवाल खड़े कर रहा है।

सम्मान या अपमान?, सोशल और सियासी हलकों में बहस
सियासी हलकों से लेकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर इस नियुक्ति की जमकर आलोचना हो रही है। कुछ लोग इस नियुक्ति को पूर्व विधायक का सम्मान बता रहे हैं, तो कई इसे खुला अपमान मान रहे हैं। कुल मिलाकर, मंत्री गणेश जोशी का यह फैसला अब सियासी विवाद का केंद्र बन गया है।










